1. रक्षाबंधन पर मां-बेटी की संदिग्ध मौत
राजधानी रायपुर के तिल्दा इलाके के ग्राम पचरी में रक्षाबंधन के दिन मां-बेटी की लाश मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। मृतका बिंद बाई चतुर्वेदी (55) बलौदाबाजार की रहने वाली थी और राखी बांधने अपने भाई के घर आई थी। उसकी बेटी उषा मनहरे (30) वहीं तिल्दा में रहती थी। यह मामला खरोरा थाना क्षेत्र का है और पुलिस जांच में जुटी है।
2. बिना डिग्री के 7 साल तक सरकारी डॉक्टर
रायपुर में एक व्यक्ति बिना MBBS डिग्री और मेडिकल काउंसिल पंजीकरण के सात वर्षों तक सरकारी अस्पताल में डॉक्टर के रूप में काम करता रहा। आरटीआई से मामला खुलने पर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) ने तुरंत उसकी सेवाएं समाप्त कर दीं। यह मामला फिल्म ‘मुन्नाभाई एमबीबीएस’ की कहानी की तरह चौंकाने वाला है।
3. चुनाव आयोग ने 334 दलों का रजिस्ट्रेशन रद्द किया
भारत निर्वाचन आयोग ने देशभर के 334 राजनीतिक दलों का पंजीकरण रद्द कर दिया, जिनमें मध्यप्रदेश के 15 और छत्तीसगढ़ के 9 दल शामिल हैं। यह कार्रवाई निर्वाचन प्रक्रिया को पारदर्शी और सुदृढ़ बनाने के लिए की गई है।
4. करोड़ों की साइबर ठगी का भंडाफोड़
रायपुर रेंज पुलिस की ऑपरेशन साइबर शील्ड टीम ने पश्चिम बंगाल के 24 परगना से प्रताप पात्रा नामक आरोपी को गिरफ्तार किया है। वह शेयर ट्रेडिंग के नाम पर लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी कर चुका था। उसके खिलाफ देशभर के 66 से अधिक थानों और साइबर सेल में मामले दर्ज हैं।
5. अस्पताल में स्टाफ नदारद, महिला की फर्श पर डिलीवरी
सूरजपुर जिले के भटगांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर और स्टाफ की अनुपस्थिति के कारण प्रसव पीड़ा से तड़प रही महिला ने अस्पताल की फर्श पर बच्चे को जन्म दिया। यह घटना स्वास्थ्य सेवाओं की गंभीर स्थिति को दर्शाती है।

