CG Breaking News: छत्तीसगढ़ पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे सूदखोर वीरेंद्र तोमर उर्फ रूबी तोमर को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को मध्यप्रदेश के ग्वालियर से क्राइम ब्रांच और पुरानी बस्ती थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में पकड़ा गया। पुलिस के अनुसार, वीरेंद्र तोमर और उसका भाई रोहित तोमर कई गंभीर मामलों में आरोपी हैं, जिनमें मारपीट, हत्या की कोशिश, जबरन वसूली, सूदखोरी और आर्म्स एक्ट जैसे अपराध शामिल हैं। दोनों भाई तेलीबांधा थाना क्षेत्र में एक कारोबारी से मारपीट और धमकी के मामले में जून महीने से फरार चल रहे थे।
ग्वालियर से हुई गिरफ्तारी
पुलिस को सूचना मिली थी कि वीरेंद्र तोमर ग्वालियर में अपने एक रिश्तेदार के घर में छिपा हुआ है। सूचना के बाद रायपुर पुलिस ने क्राइम ब्रांच की टीम गठित की और ग्वालियर भेजा। पुलिस ने काल लोकेशन ट्रेस कर घेराबंदी की और आखिरकार वीरेंद्र को गिरफ्तार कर लिया।
हाईकोर्ट ने खारिज की थी जमानत
दोनों भाइयों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए कानूनी रास्ता अपनाया था, लेकिन छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने हाल ही में उनकी अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया। इसके बाद पुलिस ने उनकी तलाश और तेज कर दी थी।
पांच हजार का इनाम था घोषित
रायपुर के एसएसपी डॉ. लाल उम्मेद सिंह ने फरार भाइयों की गिरफ्तारी पर 5-5 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। लंबे समय तक पुलिस को चकमा देने के बाद आखिरकार वीरेंद्र पुलिस के शिकंजे में आ ही गया।
फरारी के दौरान कई राज्यों में छिपता रहा
सूत्रों के अनुसार, फरारी के दौरान वीरेंद्र तोमर उत्तरप्रदेश और राजस्थान के कई शहरों में छिपता रहा। जमानत याचिका खारिज होने के बाद उसे गिरफ्तारी का डर सताने लगा, जिसके चलते वह ग्वालियर भाग गया था।
वीरेंद्र तोमर उर्फ रूबी तोमर के खिलाफ दर्ज मामले
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2006: आजाद चौक में कारोबारी पर चाकू से हमला
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2010: गुढियारी में मारपीट और उगाही
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2013: हत्या का मामला
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2015: अप्राकृतिक कृत्य की रिपोर्ट
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2016: पुरानी बस्ती में मारपीट और धमकी
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2017: महिला से मारपीट और जान से मारने की धमकी
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2019: सूदखोरी, ब्लैकमेलिंग, धोखाधड़ी, मारपीट और धमकी
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2025: आर्म्स एक्ट की कार्रवाई
पुलिस अब वीरेंद्र के भाई रोहित तोमर की तलाश में जुटी हुई है।

